मैं रोहित फिर से आपकी सेवा में। आज एक चटपटी लेकिन सच्ची कहानी लेकर आया हूँ।
शुरू करने से पहले कुछ बातें बताना चाहता हूँ जो लड़कियाँ और औरतें सेक्स के बारे में सोचती हैं।
मैंने बहुत सी लड़कियों और औरतों से बात की। ज्यादातर यौन संबंध बनाना चाहती हैं लेकिन डरती हैं कि कहीं पता चल गया तो क्या होगा।
वो हमेशा दूसरों के बारे में सोचती हैं। कभी ये नहीं सोचती कि उनकी यौन भूख कब शांत होगी।
कुंवारी लड़कियाँ सोचती हैं कि शादी के बाद पति को पता चलेगा कि चूत फटी हुई है तो छोड़ देगा।
शादीशुदा औरतें बदनामी के डर से इच्छा होने पर भी संबंध नहीं बनातीं।
अगर कोई लड़की किसी लड़के से चुदवाना चाहती है तो कभी कहती नहीं। वो चाहती है लड़का पहले कहे।
लड़का सोचता है अगर उसने कहा और लड़की बुरा मान गई तो दोस्ती भी खत्म।
मेरा मानना है कि लड़की को खुलकर कह देना चाहिए।
शादी के बाद योनिच्छेदन का पता चलने से डरती हैं तो सुहागरात पर चूत दिखाएँ नहीं, सीधे चुदवाएँ। पति जोश में तेज चोद देगा और पता नहीं चलेगा।
मेरी सलाह है—जिसके साथ संबंध बनाने की इच्छा हो, उसके साथ खुलकर सेक्स करें।
मैंने कई लड़कियों और औरतों को चोदा है। मेल से भी बात की। ये सब उनके अनुभवों से कह रहा हूँ।
आज की कहानी एक शादीशुदा औरत दीपाली की है। चुदवाने की बड़ी इच्छा लेकिन किसी से कह नहीं पाई। पति तीन-चार मिनट चोदकर सो जाता। वो लंबी चुदाई चाहती थी।
उसने मेरी पहली कहानी पढ़ी और मेल किया। 33 साल, सात साल की शादी, पाँच साल का बेटा। पति कभी संतुष्ट नहीं करते। जयपुर में रहती हूँ। आपने भाभी को चोदा तो मुझे भी चोद सकते हैं। मेरा नंबर है ***********। फोन करें।
साथ में दस सेक्सी फोटो भेजी। साड़ी और जींस में बहुत सेक्सी।
मैंने चोदने का मन बना लिया। फिर डर लगा कहीं लड़का शरारत तो नहीं कर रहा। दूसरा नंबर मेल किया। डेढ़ घंटे बाद उसका फोन आया। मैं बाहर था, बाद में बात करने को कहा।
घर आकर असली नंबर से फोन किया। ढेर सारी बातें हुईं।
अगले दिन मिलने की योजना बनी। रेस्टुरेंट में गए। खाना कम, बातें ज्यादा।
चुदाई का कार्यक्रम भी बना।
पूछा—घर में कब अकेली रहती हो?
सुबह साढ़े नौ से डेढ़ बजे तक।
बहुत बढ़िया। 5-6 घंटे चुदाई में मजा आएगा।
सोमवार को साढ़े दस बजे उसके घर का कार्यक्रम बना।
सोमवार सुबह तैयार होकर दस बजकर बीस पर उसके घर पहुँचा। घर बड़ा था। पूरा घर दिखाया फिर बेडरूम में ले गई।
जबरदस्त चुम्बन दिया। बाहों में लेकर होंठ चूसे। स्तन दबाए।
उसके होंठ बहुत रसीले। सबसे ज्यादा मजा होंठ चूसने में आया।
फिर चुचे दबाए। बड़े मस्त। मुझे बड़े पसंद हैं। खूब मजा लिया।
उसे बेड पर लिटाया। ब्रा आजाद की। चुचूक मुंह में लेकर चूसा।
वो आह भरने लगी।
मुझे बहुत मजा आ रहा था।
उसने कहा—जान, मैं तुम्हारा लंड मुँह में लेना चाहती हूँ।
जरूर ले मेरी जान।
मैं खड़ा हुआ। उसने टी-शर्ट उतारा। सीने को चाटा। मजा आ रहा था।
फिर जींस उतारी। लंड मुंह में लेने लगी।
थोड़ी देर बाद मैंने उसकी साड़ी-पेटीकोट उतारा। सिर्फ पेंटी में। फिगर शानदार। पेंटी में बहुत सेक्सी।
पेंटी उतारी। चूत चाटी। परफ्यूम की खुशबू।
कारण पूछा तो बोली—परफ्यूम लगाया।
मैंने भी लगाया।
उसका पानी आया। मैंने पी लिया। बहुत अच्छा लगा।
फिर खड़ा हुआ। साढ़े सात इंच लंड उसकी चूत में घुसाया। तीन-चार इंच आसानी से। फिर टाइट लगी। एक धक्का मारा। पूरा अंदर।
आह! मार डाला! वो चीखी।
मैंने स्पीड रखी। थोड़ी देर बाद वो बोली—अब बहुत मजा आ रहा है।
फिर मैंने मस्त चाल में चोदा। पच्चीस मिनट चुदाई।
बेड पर लिटाकर, घोड़ी बनाकर। पहले चूत में, फिर गांड में।
पहली बार गांड मरवाई। टाइट थी। आधा घुसा। गति बढ़ाई। छेद खुल गया।
उसे पहली बार गांड चुदाई में बहुत मजा आया।
उस दिन तीन बार चुदाई की।
साढ़े बारह पर निकला। बेटा आने वाला था।
यारो, दीपाली को चोदने में इतना मजा कभी नहीं आया। फिगर शानदार है।
कहानी और सलाह पसंद आए तो मेल करना मत भूलना!
Kahani padhne ke baad apne vichar comments mein zaroor likhein – Ankit Sharma